रुद्रप्रयाग में मूसलाधार बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, अगस्त्यमुनि में जलभराव और भूस्खलन से कई सड़कें बंद

रुद्रप्रयाग: रुद्रप्रयाग जिले में मंगलवार रात से जारी मूसलाधार बारिश ने व्यापक तबाही मचाई है। अगस्त्यमुनि क्षेत्र में कई रिहायशी इलाकों में जलभराव हो गया, जबकि भूस्खलन और पहाड़ियों से मलबा-बोल्डर गिरने के कारण राष्ट्रीय राजमार्ग समेत कई सड़कें बाधित रहीं। प्रशासन राहत एवं मार्ग बहाली के कार्य में जुटा है और लोगों से सतर्क रहने की अपील कर रहा है।

नगर पंचायत अगस्त्यमुनि के बसंत विहार, एसबीआई कॉलोनी और खंड विकास कार्यालय के पीछे स्थित क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति बन गई। कई घरों और आंगनों में पानी घुस गया, जिससे लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। कई मकानों तक जाने वाले रास्ते भी पानी में डूब गए, जिससे स्थानीय लोगों की आवाजाही प्रभावित हुई।

बारिश के कारण सिल्ली के पास पहाड़ी से मलबा आने से राष्ट्रीय राजमार्ग कुछ समय के लिए बंद हो गया। सूचना मिलते ही संबंधित विभाग की टीम मौके पर पहुंची और मलबा हटाकर यातायात बहाल किया। वहीं अगस्त्यमुनि पेट्रोल पंप के पास पहाड़ी से एक बड़ा बोल्डर गिरने से वहां खड़ी एक कार क्षतिग्रस्त हो गई। राहत की बात यह रही कि घटना के समय कार में कोई सवार नहीं था।

लगातार बारिश के चलते चिल्ड्रन एकेडमी इंटरमीडिएट कॉलेज जाने वाले मार्ग पर भी जलभराव हो गया। छात्रों की सुरक्षा को देखते हुए स्कूल में अवकाश घोषित कर दिया गया। स्थानीय लोगों का कहना है कि क्षेत्र में समुचित ड्रेनेज व्यवस्था नहीं होने के कारण हर वर्ष बारिश के दौरान जलभराव की समस्या उत्पन्न होती है।

जिले में लगातार वर्षा के कारण अलकनंदा नदी और मंदाकिनी नदी का जलस्तर चेतावनी स्तर से ऊपर पहुंच गया है। जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र के अनुसार, बुधवार सुबह अलकनंदा का जलस्तर 626.80 मीटर और मंदाकिनी का जलस्तर 625.50 मीटर दर्ज किया गया। हालांकि दोनों नदियां अभी खतरे के निशान से नीचे बह रही हैं।

बारिश और भूस्खलन के कारण राज्यभर में तीन राष्ट्रीय राजमार्ग, छह राज्य मार्ग समेत कुल 111 सड़कें बंद हैं। सबसे अधिक असर देहरादून जिले में देखने को मिला है, जबकि रुद्रप्रयाग में भी कई सड़कें यातायात के लिए बाधित हैं। जिले में पिछले 24 घंटों के दौरान रुद्रप्रयाग में 10 मिमी, ऊखीमठ में 37.5 मिमी और जखोली में 12 मिमी वर्षा रिकॉर्ड की गई।

बढ़ते जलस्तर को देखते हुए नगर पालिका और नगर पंचायतों द्वारा लाउडस्पीकर के माध्यम से लोगों से नदी किनारों से दूर रहने की अपील की जा रही है। वहीं जिला मुख्यालय के जवाड़ी बायपास मार्ग पर संगम व्यू प्वाइंट के पास सड़क की रिटेनिंग वॉल भी क्षतिग्रस्त हो गई है। अधिकारियों ने लोगों से इस मार्ग पर सावधानी बरतने की सलाह दी है। विभाग का कहना है कि मौसम सामान्य होते ही क्षतिग्रस्त हिस्से की स्थायी मरम्मत का कार्य शुरू किया जाएगा।