कोलंबो: श्रीलंका के पूर्व राष्ट्रपति महिंदा राजपक्षे के बेटे और विपक्षी सांसद नमल राजपक्षे को भ्रष्टाचार के एक मामले में गिरफ्तार किया गया है। यह मामला श्रीलंकन एयरलाइंस के लिए एयरबस विमानों की खरीद से जुड़े कथित रिश्वत और भ्रष्टाचार से संबंधित है।
श्रीलंका के Commission to Investigate Allegations of Bribery or Corruption (CIABOC) ने नमल राजपक्षे से पांच घंटे से अधिक समय तक पूछताछ करने के बाद उन्हें गिरफ्तार किया। इसके बाद उन्हें कोलंबो के मुख्य मजिस्ट्रेट असांगा एस. बोडेरागामा के सामने पेश किया गया, जहां से उन्हें 18 सितंबर 2026 तक रिमांड पर भेज दिया गया।
एयरबस खरीद सौदे से जुड़ा है मामला
जांच एजेंसी के अनुसार मामला श्रीलंकन एयरलाइंस द्वारा एयरबस विमान खरीदने से जुड़े एक पुराने सौदे से संबंधित है। नमल राजपक्षे पर आरोप है कि इस डील के दौरान उन्हें कथित तौर पर 10 करोड़ श्रीलंकाई रुपये की रिश्वत का लाभ मिला।
यह सौदा उस समय हुआ था जब उनके पिता महिंदा राजपक्षे श्रीलंका के राष्ट्रपति थे। जांच एजेंसियां इस बात की पड़ताल कर रही हैं कि विमान खरीद समझौते से जुड़े लेनदेन में कथित कमीशन की रकम किन खातों में पहुंची और इसमें किन लोगों की भूमिका रही।
हालांकि, नमल राजपक्षे ने अपने ऊपर लगे आरोपों से इनकार किया है।
पांच घंटे से ज्यादा चली पूछताछ
नमल राजपक्षे को शुक्रवार को CIABOC के सामने पेश होकर बयान दर्ज कराने के लिए बुलाया गया था। जांच अधिकारियों ने उनसे एयरबस डील से संबंधित वित्तीय लेनदेन और अन्य पहलुओं पर पांच घंटे से अधिक समय तक पूछताछ की।
पूछताछ पूरी होने के बाद भ्रष्टाचार-रोधी आयोग ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया। बाद में अदालत ने उन्हें 18 सितंबर तक न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया।
12 सितंबर को सरकार विरोधी रैली की थी तैयारी
नमल राजपक्षे श्रीलंका की विपक्षी पार्टी श्रीलंका पोडुजाना पेरामुना (SLPP) के प्रमुख नेताओं में शामिल हैं। गिरफ्तारी से पहले उन्होंने 12 सितंबर को अनुराधापुरा में सरकार के खिलाफ एक बड़ी जनसभा आयोजित करने की घोषणा की थी।
SLPP ने नमल की गिरफ्तारी पर सवाल उठाते हुए इसे विपक्षी गतिविधियों को प्रभावित करने की कोशिश बताया है। पार्टी का आरोप है कि यह कार्रवाई सरकार विरोधी अभियान को कमजोर करने के मकसद से की गई है।
दूसरी तरफ जांच एजेंसियों का कहना है कि कार्रवाई भ्रष्टाचार के आरोपों की चल रही जांच का हिस्सा है।
राजपक्षे परिवार से जुड़े मामलों पर बढ़ी जांच
नमल राजपक्षे की गिरफ्तारी ऐसे समय हुई है जब श्रीलंका में राजपक्षे परिवार से जुड़े विभिन्न मामलों की जांच तेज हुई है। उनके चचेरे भाई शशेंद्र राजपक्षे को भी इसी साल एक अन्य मामले में रिमांड पर भेजा गया था, हालांकि बाद में उन्हें जमानत मिल गई।
नमल राजपक्षे की गिरफ्तारी को मौजूदा नेशनल पीपल्स पावर सरकार के सत्ता में आने के बाद राजपक्षे परिवार के खिलाफ हुई बड़ी कार्रवाइयों में से एक माना जा रहा है।
पूर्व मंत्री जॉनस्टन फर्नांडो पर भी हुई कार्रवाई
नमल राजपक्षे की गिरफ्तारी से पहले पूर्व कैबिनेट मंत्री जॉनस्टन फर्नांडो के खिलाफ भी भ्रष्टाचार-रोधी आयोग ने कार्रवाई की थी। उन पर कैंडी में महिंदा राजपक्षे के नाम पर बने एक कॉन्फ्रेंस हॉल में सीटिंग व्यवस्था के लिए सार्वजनिक धन के कथित दुरुपयोग का आरोप लगाया गया।
नमल राजपक्षे का मामला अब श्रीलंका की राजनीति में नया मुद्दा बन गया है और आने वाले दिनों में इसे लेकर सरकार तथा विपक्ष के बीच राजनीतिक टकराव और तेज होने की संभावना है।














