देवभूमि उत्तराखंड के चमोली जिले में आकाशीय बिजली गिरने से बड़ा हादसा हो गया। विकासखंड दशोली की निजमुला घाटी के गौणा-भनाली तोक में देर रात बिजली गिरने से एक दर्जन से अधिक भेड़पालकों की करीब 500 बकरियों की मौत हो गई।
इस घटना में राकेश सिंह, हुकम सिंह और मदन लाल समेत कई पशुपालकों को लाखों रुपये का नुकसान हुआ है। प्रभावित परिवारों का कहना है कि एक झटके में उनकी वर्षों की मेहनत खत्म हो गई, जिससे आजीविका पर संकट खड़ा हो गया है।
जिला आपदा प्रबंधन अधिकारी नंद किशोर जोशी के अनुसार, देर रात आकाशीय बिजली गिरने की सूचना मिलते ही प्रशासन ने मामले की जानकारी जुटानी शुरू कर दी है। नुकसान का आकलन किया जा रहा है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने 3 से 5 मई तक जिले में ऑरेंज अलर्ट जारी किया था। इस दौरान तेज बारिश, ओलावृष्टि और तेज हवाओं की चेतावनी दी गई थी। घटना के समय भी क्षेत्र में खराब मौसम और हल्की बारिश जारी थी।
निजमुला घाटी भेड़ पालन के लिए जानी जाती है और यहां के ग्रामीणों की मुख्य आय का स्रोत पशुपालन ही है। ऐसे में इतनी बड़ी संख्या में बकरियों की मौत ने स्थानीय अर्थव्यवस्था को झटका दिया है।
मौसम विभाग के अनुसार देहरादून, टिहरी, हरिद्वार, पौड़ी, नैनीताल, चंपावत और उधमसिंह नगर में भी भारी से अति भारी बारिश, ओलावृष्टि और 40–50 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना है।
पीड़ित भेड़पालकों ने जिला प्रशासन से नुकसान का जल्द आकलन कर उचित मुआवजा देने की मांग की है। प्रशासन ने आपदा प्रबंधन टीमों को अलर्ट मोड पर रखा है और स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
















