ईरान और अमेरिका के बीच बढ़ते तनाव के बीच North Korea ने लगातार दूसरे दिन क्लस्टर बम वारहेड वाली बैलिस्टिक मिसाइलों का परीक्षण कर क्षेत्रीय और वैश्विक सुरक्षा चिंताओं को बढ़ा दिया है। इस घटनाक्रम से South Korea, Japan और United States समेत कई देशों में हलचल तेज हो गई है।
उत्तर कोरिया ने रविवार के बाद सोमवार को भी मिसाइल परीक्षण किया। सरकारी एजेंसी Korean Central News Agency (KCNA) के अनुसार, इस बार क्लस्टर बम वारहेड वाली बैलिस्टिक मिसाइलें दागी गईं। रिपोर्ट में बताया गया कि ये परीक्षण देश के पूर्वी तट से किए गए, जिन्हें पड़ोसी देशों ने भी डिटेक्ट किया।
मिसाइल लॉन्च के दौरान उत्तर कोरियाई नेता Kim Jong Un और उनकी बेटी Kim Ju Ae मौजूद रहीं। KCNA द्वारा जारी तस्वीरों में दोनों लॉन्च को करीब से देखते नजर आए।
दक्षिण कोरिया की खुफिया एजेंसियों का मानना है कि किम की बेटी किम जू ए को भविष्य का उत्तराधिकारी बनाया जा सकता है, जिससे उत्तर कोरिया की सत्ता संरचना को लेकर नई अटकलें तेज हो गई हैं।
क्लस्टर बम वारहेड वाली मिसाइलें हवा में फटकर बड़े इलाके में कई छोटे-छोटे बम (बमलेट्स) फैलाती हैं।
इनका असर व्यापक क्षेत्र में होता है
इन्हें रोकना मुश्किल होता है
आम नागरिकों के लिए बेहद खतरनाक मानी जाती हैं
120 से अधिक देशों ने क्लस्टर मुनिशन्स पर प्रतिबंध लगाने वाली संधि पर हस्ताक्षर किए हैं, लेकिन North Korea, Iran, Israel और United States इसमें शामिल नहीं हैं।
विशेषज्ञों का मानना है कि ईरान-अमेरिका तनाव के बीच उत्तर कोरिया अपनी सैन्य ताकत दिखाने की कोशिश कर रहा है। 2019 में Donald Trump के साथ परमाणु वार्ता विफल होने के बाद से उत्तर कोरिया ने अपने हथियार कार्यक्रम को तेज कर दिया है।
इसमें शामिल हैं:
- मल्टी-वारहेड न्यूक्लियर मिसाइलें
- हाइपरसोनिक हथियार
- पनडुब्बी से लॉन्च होने वाली बैलिस्टिक मिसाइलें
उत्तर कोरिया के लगातार मिसाइल परीक्षण ऐसे समय में हो रहे हैं जब दुनिया पहले से ही कई संघर्षों से जूझ रही है। Iran और United States के बीच तनाव के साथ यह घटनाक्रम वैश्विक सुरक्षा के लिए नई चुनौती बन सकता है। आने वाले दिनों में अंतरराष्ट्रीय समुदाय की प्रतिक्रिया और कूटनीतिक प्रयास बेहद अहम होंगे।
















