ताजा खबरें >- :
नौसेना दिवस पर उत्तराखंड के राज्यपाल ले. जनरल गुरमीत सिंह के हाथों चार्ट को नौसैनिकों को समर्पित

नौसेना दिवस पर उत्तराखंड के राज्यपाल ले. जनरल गुरमीत सिंह के हाथों चार्ट को नौसैनिकों को समर्पित

अंतहीन दिखने वाले समुद्र में खतरे भी कम नहीं है। हमारी नौसेना ऐसे खतरों से न सिर्फ दो-दो हाथ करती है, बल्कि जरूरत पड़ने पर दुश्मनों और तमाम चुनौती को करारा जवाब भी देती है। नौसेना की इस क्षमता को बढ़ाने में राष्ट्रीय जलसर्वेक्षक कार्यालय (एनएचओ) का भी विशेष योगदान है। क्योंकि समुद्र की अनजान लहरों में एनएचओ के नक्शे और तमाम सूचनाएं बेहद कारगर साबित होती हैं। अब एनएचओ ने तमाम समुद्री खतरों से सेना को आगाह कराने के लिए इंडियन मैरिटाइम सेफ्टी एंड सिक्योरिटी चार्ट तैयार किया है। पहले के मुकाबले यह चार्ट का अपग्रेड व तीसरा संस्करण है। शनिवार को नौसेना दिवस पर उत्तराखंड के राज्यपाल ले. जनरल गुरमीत सिंह (रिटा.) के हाथों चार्ट को नौसैनिकों को समर्पित किया गया।एनएचओ के मुख्य सर्वेक्षक व वाइस एडमिरल अधीर अरोड़ा ने बताया कि सिक्योरिटी चार्ट में समुद्र के विभिन्न हाई रिस्क क्षेत्रों की पहचान की गई है। इस मैपिंग में पूर्व की तमाम आतंकी घटनाओं व कारीडोर आदि की स्थिति आदि का आकलन कर सटीक मैपिंग की गई है।

ताकि ऐसी जगह से गुजरते समय नौसैनिक अतिरिक्त संसाधन से लैस रह सकें। इसके अलावा चार्ट में दर्शाया गया है कि कहां पर डकैती व अन्य आपराधिक घटनाओं की आशंका रहती है। साथ ही अवैध मत्स्य आखेट की जगह, अवैध उत्खनन व इसको लेकर उत्पन्न होने वाले संभावित खतरों के बारे में भी जानकारी दी गई। मुख्य जल सर्वेक्षक ने बताया कि इस चार्ट को हमारे नौसैनिक कार्यालय की वेबसाइट से निश्शुल्क डाउनलोड कर सकते हैं। पूर्व के चार्ट की तुलना में यह चार्ट अधिक सूचनाओं से लैस है और इसे हर लिहाज से बेहतर बनाया गया है।नौसेना दिवस पर भारत की नौसेना को इंडियन लिस्ट आफ रेडियो सिग्नल्स का पांचवां वाल्यूम भी समर्पित किया गया। मुख्य जल सर्वेक्षक एडमिरल अधीर अरोड़ा ने बताया कि इसके माध्यम से संबंधित क्षेत्र में रेडियो सिग्नल्स को बेहतर बनाने की दिशा में पूरी जानकारी प्राप्त की जा सकेगी। साथ ही यह विश्वस्तरीय कम्युनिकेशन की जरूरतों की पूर्ति के साथ तमाम सुरक्षा फीचर से भी लैस है।

Related Posts